न्यूज़ जंक्शन-18
रतलाम। निजामुद्दीन-बांद्रा गरीब रथ एक्सप्रेस (12910) में सफर के दौरान वकीलों के एक समूह द्वारा विवाद के बाद रतलाम से चढ़े तीन टीटीई से मारपीट का मामला सामने आया है। जिससे यात्रियों में भारी दहशत फैल गई। घटना के बाद बड़ौदा स्टेशन जीआरपी में शिकायत दर्ज कराई गई है।
शुक्रवार को गरीब रथ ट्रेन के रतलाम स्टेशन पहुंचने पर टीटीई बसंत, अमित और अंकित की ड्यूटी कोच में थी। किसी बात को लेकर यात्रियों, जो कि पेशेवर वकील बताए जा रहे है। किसी बात को लेकर उनका विवाद हो गया। बात बढ़ने पर वकीलों के समूह ने तीनों टीटीई के साथ जमकर मारपीट की। इस घटना के बाद रतलाम के टीटीई द्वारा वडोदरा जीआरपी में आधिकारिक शिकायत दर्ज कराई जा रही है। सूत्रों के अनुसार, रात के समय टीटीई द्वारा केवल बोर्डिंग और नए यात्रियों की पूछताछ की जाती है, लेकिन यह विवाद किस बात पर शुरू हुआ, इसकी पूरी सच्चाई पुलिस जांच के बाद ही सामने आएगी।
मथुरा के बाद अन्य यात्रियों से भी मारपीट:- इससे पहले भी इस सफर के दौरान वकीलों के इस विशाल समूह (लगभग 750 लोगों का ग्रुप) का अन्य यात्रियों से विवाद की जानकारी मिली है। मथुरा स्टेशन से यात्री राजीव श्रीवास्तव का परिवार सूरत से घूमने आए थे। यह यात्री परिवार में बहन, कजिन, मामा-मामी और बच्चे के साथ ट्रेन में सवार हुआ था। आरोप है कि दिल्ली से आ रहे वकीलों के समूह से ट्रेन रवाना होने के कुछ ही देर बाद छेड़छाड़ के मुद्दे पर विवाद शुरू हो दिया। पूरे परिवार के साथ मारपीट की। जान बचाने के लिए परिवार के दो सदस्यों ने दूसरे कोच में छिपकर किसी तरह अपनी जान बचाई। दहशत में आए इस परिवार ने अपना सफर बीच में ही अधूरा छोड़ दिया और कोटा स्टेशन पर उतरकर राहत की सांस ली। पीड़ितों का आरोप है कि कोटा स्टेशन पर आरपीएफ और जीआरपी के पहुंचने के बावजूद किसी पर कोई सख्त कार्रवाई नहीं की गई।
इस बीच, रतलाम जीआरपी थाना प्रभारी सोहनलाल पाटीदार का कहना है कि रतलाम में टीटीई के साथ हुए विवाद की औपचारिक सूचना अभी उनके पास नहीं आई है। जबकि वडोदरा जीआरपी में टीटीई द्वारा शिकायत दर्ज कराने की प्रक्रिया जारी है।
