-हाजरी रजिस्टर में हस्ताक्षर संबंधी गड़बड़ी के आरोप में कार्रवाई।
न्यूज़ जंक्शन-18
रतलाम। शासकीय कार्यालय के मस्टर (हाजरी रजिस्टर) में दैनिक हाजरी में जालसाजी करना आखिर रेलवे खजांची सुरेशचंद्र पुरोहित को महंगा पड़ा। मंडल रेल प्रशासन ने प्रारंभिक कार्रवाई कर रतलाम से इंटर डिवीजन तबादला कर बड़ोदरा मंडल के आनन फानन आदेश जारी कर दिए। बल्कि पुरोहित को शुक्रवार दोपहर 12 बजे बाद यहां से रिलीव भी कर दिया गया। हालांकि फिलहाल विजिलेंस रिपोर्ट आना तथा इसके आधार पर विभागीय कार्रवाई होना बाकी है।
आरोप है कि रेलवे स्टेशन स्थित केश ऑफिस में कार्यरत रहे खजांची द्वारा संबंधित दिन मस्टर में एडवांस उपस्थिति दर्ज कराई थी। उस दिन रेलवे पास के टिकिट पर ट्रेन में सफर कर रतलाम मुख्यालय से बाहर रहने गए थे। जबकि इसकी सूचना विभाग को नहीं दी गई, नही मंजूरी ली गई। बाद में लेखा विभाग द्वारा जांच में इसके पुख्ता प्रमाण भी मिले। इसके बाद मुंबई से विजिलेंस ने भी यहां आकर इससे जुड़े दस्तावेजी प्रमाण इकट्ठा कर साथ ले गए।
बता दें कि रतलाम में केश ऑफिस में कार्यरत खजांची कैडर का मुख्यालय मुंबई में है। लेकिन रतलाम में लेखा विभाग के अधीन इनका कार्य संपादन होता है।
इसलिए खजांची पुरोहित के मामले में प्रारंभिक तौर पर गड़बड़ी पाई जाने पर लेखा विभाग द्वारा मुंबई मुख्यालय से सामंजस्य स्थापित कर तबादला आदेश जारी किए है।
ऐसा माना जा रहा है कि फिलहाल तबादला किया गया है। लेकिन विजिलेंस की रिपोर्ट आने पर इसके आधार पर संबंधित पर कठोरतम विभागीय कार्रवाई भी हो सकती है।
मस्टर में गड़बड़ी व टीए वसूली के और भी मामले
रेल मंडल के मुख्यालय पर मस्टर में गड़बड़ी की कुछ और भी शिकायतें निकल कर आ रही है। ऐसी शिकायतें लाइन स्टाफ के विभागों से जुड़ी बताई जा रही है। इसमें कर्मचारी फर्जीवाड़ा कर टीए (ट्रेवलिंग एलाउंस) बिल लगाकर रेलवे को तगड़ा चुना लगाकर चांदी काट रहे है। ऐसी शिकायतों में रेल संगठन (बगैर मान्यता प्राप्त) के निचले स्तर का पदाधिकारी भी शामिल बताया जा रहा है। इस पर विभागीय सामग्री की हेराफेरी के भी आरोप है। इसकी की जांच व पुष्टि के बाद नाम भी उजागर किया जाएगा।
