कुत्तों का आतंक, रिटायर्ड बुजुर्ग प्रहलाद सिंह राठौर का निधन….नातिन की स्कूटी पर पीछे सवार थे, कुत्ता लपका तो स्पीड बढ़ाई और गिर पड़े
न्यूज़ जंक्शन-18
रतलाम। शहर में आवारा कुत्तों का जानलेवा आतंक अब थमने का नाम नहीं ले रहा है। राजस्व कॉलोनी में एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। पीछे पड़े आवारा कुत्तों के कारण स्कूटी सवार अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गए। इस हादसे में गंभीर रूप से घायल हुए 85 वर्षीय रिटायर कृषि विस्तार अधिकारी प्रहलाद सिंह राठौर का उपचार के दौरान निधन हो गया।
जानकारी के अनुसार प्रहलाद सिंह राठौर के बेटे रामसिंह का दो वर्ष पहले निधन हुआ था। बेटी कृष्णा अपनी बेटी के साथ बैंगलोर पिता के घर आई थी। प्रहलाद सिंह को चेकअप के लिए डॉक्टर के पास जाना था। शनिवार शाम तकरीबन 6.30 बजे वे नातिन की स्कूटी पर बैठकर घर से निकले थे। तभी राजस्व कॉलोनी स्थित शिव मंदिर की ओर अचानक आवारा कुत्तों के एक झुंड ने भौंकते हुए स्कूटी का पीछा करना शुरू कर दिया। कुत्तों के हमले से बचने के प्रयास में नातिन ने स्कूटी की स्पीड बढ़ा दी। तभी स्पीड ब्रेकर पर स्कूटी उछलने से संतुलन बिगड़ गया। प्रहलाद सिंह सड़क पर गिरने से सिर में आई गंभीर चोट आई। घटना के तुरंत बाद उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया। उन्हें ब्रेन हैम्रेज (मस्तिष्क में रक्तस्राव) हो गया था। नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें तुरंत वेंटिलेटर (लाइफ सपोर्ट सिस्टम) पर रखा है। आईसीयू में उपचार के दौरान रविवार सुबह उनकी मौत हो गई।
घटना से नगर निगम प्रशासन के खिलाफ रहवासियों में भारी आक्रोश है। स्थानीय निवासियों में घटना से रोष है। राजस्व कॉलोनी निवासी विनोद दुबे ने कहा कि सड़कों पर आवारा कुत्तों का आतंक इस कदर बढ़ चुका है कि अब बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों का घरों से बाहर निकलना दूभर हो गया। कॉलोनी में एक-दो घर के लोग आवारा कुत्तों को संरक्षण दे रहे है। इससे वे उनके मकानों के आसपास झुंड के रूप जमा रहते है। रहवासियों के लिए सड़क से गुजरना मौत को बुलावा देने जैसा हो गया है। आए दिन आवारा कुत्ते दोपहिया वाहनों के पीछे दौड़ते हैं। शिकायत के बाद नगर निगम टीम आती है तो वे कुत्तों को घरों में प्रवेश कर छुपा लेते है। कुत्तों के आक्रमण से लोग भयानक हादसों का शिकार हो रहे हैं।
