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ट्रेन ठहरते ही हाट बाजार सा नज़ारा…. रेलवे प्लेटफॉर्म नंबर 5 पर खानपान वेंडर्स बेलगाम, यात्रियों को आवाजाही में बाधा

न्यूज़ जंक्शन-18
रतलाम। पश्चिम रेलवे का रतलाम जंक्शन….। प्लेटफॉर्म नंबर पांच….। सैकड़ों यात्री लंबे समय से असुविधा के शिकार हो रहे हैं। उन्हें प्लेटफॉर्म पर हाट बाजार जैसी स्थिति का सामना करना पड़ रहा है। एक तो प्लेटफॉर्म पर निर्माण कार्य के चलते रेलवे द्वारा टीन शेड से बेरिकेटिंग कर दी। निकलने की जगह संकरी है। ऊपर से दर्जनों वेंडर्स का प्लेटफॉर्म पर बेतरतीब विचरण। ऐसे में यात्रियों को कोच तक पहुंचने या बाहर आने में खूब मशक्कत करनी पड़ रही है।
यात्री सुमेर सिंह राठौर ने इसे लेकर पिछले दिनों ट्वीट भी किया है। अब पीएमओ में लिखित शिकायत भी की जा रही है। दरअसल कमर्शियल व आरपीएफ विभाग की सांठगांठ के चलते प्लेटफॉर्म पर खानपान वेंडर्स की संख्या यात्रियों से भी ज्यादा हो चली है। दाहोद एंड वाले एरिया में यह समस्या ज्यादा है। यात्रियों को वेंडर्स को हटाते बमुश्किल निकलना पड़ रहा है। ऐसे ही हालात प्लेटफॉर्म नंबर 1 व 2 के भी है।
बता दें कि रेलवे के वाणिज्य विभाग ने अवैध वेंडर्स की समस्या को देखते हर स्टॉल पर नियमों के मुताबिक 3 से 4 वेंडर्स को वैधानिक मंजूरी देकर इसका नियमों के तहत खानपान सामग्री बेचने का दायरा भी निश्चित किया है। लेकिन चुनिंदा वैध वेंडर्स की आड़ में दर्जनों अवैध वेंडर्स की फेरी लगाकर स्टॉल संचालक यात्रियों की परेशानी खड़ी कर रहे। बल्कि रेलवे को भी राजस्व का नुकसान पहुंचा रहे है।

ड्रेसकोड की आड़ में अवैध कारोबार:- रेलवे स्टेशनों के प्लेटफार्म पर लोवर, टी-शर्ट व रंग-बिरंगी ड्रेस पहनकर अवैध वेंडर भी मुसाफिरों को खाद्य सामग्री बेच रहे हैं। इनका आपराधिक रिकॉर्ड क्या है। इनकी आईडी की नियमित जांच सहित इसका समय पर सत्यापन किया जा रहा? इसे लेकर केटरिंग कारोबारी आशंका जता रहे है। वैध वेंडरों के बीच में शामिल होकर ये तमाम अवैध वेंडर आसानी से प्लेटफार्म पर ही 24 घंटे अपना कारोबार चला रहे हैं।

पूर्व में हुई बड़ी घटनाओं से सबक नहीं:- पूर्व में ट्रेनों सहित प्लेटफॉर्म पर हुई घटनाओं को लेकर भी स्थानीय रेल प्रशासन सजग नहीं है। सामग्री बेचने को लेकर इनके बीच होने वाली गाली-गलौच और झगड़े से जहां मुसाफिरों को परेशानी होती है। वहीं रेल प्रशासन अवैध वेंडरों पर रोक नहीं लगा पा रहा है।

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