न्यूज़ जंक्शन-18
रतलाम। रक्षाबंधन के दिन ब्राम्हणों की अहम धार्मिक क्रिया व अनुष्ठान श्रावणी उपाकर्म मंत्रोच्चार के साथ पूरा हुआ। इस श्रावणी महोत्सव पर सभी ने धार्मिक विधान के मुताबिक जनेऊ बदली। इस मौके पर बड़ी संख्या में विप्रजन मौजूद रहे।
गंगा आश्रम पर आयोजित कार्यक्रम में सर्व ब्राह्मण समाज के संयोजक पुष्पेन्द्र जोशी ने अपने संबोधन में श्रावणी उपाकर्म की महत्ता बताई।
उन्होंने कहा कि जनेऊ मात्र एक साधारण धागा नहीं बल्कि एक बहुत मजबूत रस्सी है। जो मनुष्य इसे धारण करता है यह जनेऊ उसे कभी नीचे गिरने नही देती है। यह जनेऊ मनुष्य के मर्यादित होने का भी प्रमाण है। इसलिए जो ब्राह्मण इसे धारण नहीं करते, उनके नैतिक पतन की संभावना अधिक है। सभी ब्राह्मणों को जनेऊ अवश्य धारण करना चाहिए। देश और दुनिया की वर्तमान परिस्थिति में इसकी महत्ता और अधिक बढ़ जाती है। मनुष्य, परिवार, समाज, देश और दुनिया को बचाने की क्षमता केवल जनेऊ में ही है। यह ही विश्व में शान्ति स्थापित कर सकती है।

बता दें कि पंडित पुष्पेंद्र जोशी श्री सर्व ब्राह्मण सभा द्वारा श्रावणी महोत्सव के अवसर पर गंगा आश्रम में लगातार 15 वर्षों से श्रावणी उपाकर्म आयोजित कर रहे है। सर्व ब्राह्मण सभा द्वारा पंडित जोशी का शाल, श्रीफल, दुपट्टे एवं भगवान परशुराम का चित्र भेंट कर सम्मान किया गया। सफल आयोजन के लिए उन्हें बधाई भी दी। अगले वर्ष संख्या दुगनी करने के लिए प्रयास करने की बात भी कही।
इस अवसर पर अध्यक्ष पंडित नरेंद्र जोशी, कार्यकारी अध्यक्ष शैलेंद्र तिवारी, सचिव नरेंद्र त्रिवेदी, उपाध्यक्ष आईपी त्रिवेदी, उपाध्यक्ष राजेश तिवारी, शरद शुक्ला तथा पदाधिकारी गण कार्यकर्ताओं की उपस्थिति में सम्मान किया गया ।
इस अवसर पर पंडित कन्हैया लाल तिवारी, डॉ. रविन्द्र उपाध्याय, कृष्ण गोपाल आचार्य, सुरेश जोशी, महेश चन्द्र जोशी, भवानी शंकर मोड़,श्रीराम दिवे,संजय दीक्षित, पार्षद विशाल शर्मा, सत्यदीप भट्ट, अनुराग लोखंडे, जगदीश उपाध्याय, उत्तम शर्मा, चैतन्य भट्ट, चेतन शर्मा,अजय शर्मा, प्रमोद व्यास सुशील भट्ट,भारत किशोर उपाध्याय, विकास शर्मा, नर्मदा शंकर भट्ट, सुहास चितले, भेरू शंकर व्यास सहित बड़ी संख्या मे ब्राह्मण समाज जन उपस्थिति थे। आभार पंडित आदित्य सुनील शर्मा ने माना। कार्यक्रम के सफल आयोजन पर सेवानिवृत्त बैंक अधिकारी तरनी व्यास ने सभी को बधाई दी।
