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रेलवे मटेरियल विभाग की घूसखोरी…12 स्थानों पर तलाशी में मिले काली कमाई के सबूत, आरोपी आज होंगे न्यायालय में पेश

-उप मुख्य सामग्री प्रबंधक (इलेक्ट्रिकल), सामग्री प्रबंधन सहित मीडियेटर भी मामले में धराए।
न्यूज जंक्शन-18
रतलाम। पश्चिम रेलवे जोन के डिप्टी सीएमएम सहित सेंट्रल रेलवे के एक डिप्टी सीएमएम को रिश्वत लेते सीबीआई द्वारा ट्रेस करने के बाद इनके 12 ठिकानों पर तलाशी ली गई। इस दौरान इनकी काली कमाई के पुख्ता दस्तावेज सबूत के तौर पर हाथ लगे है। सभी गिरफ्तार आरोपियों को आज शनिवार को न्यायालय में पेश किया जाएगा।
मालूम हो कि केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने उप मुख्य सामग्री प्रबंधक (इलेक्ट्रिकल) सामग्री प्रबंधन विभाग, मध्य रेलवे मुंबई, उप मुख्य सामग्री प्रबंधक (कोचिंग), सामग्री प्रबंधन विभाग, पश्चिम रेलवे (मुख्यालय) मुंबई, वरिष्ठ सामग्री प्रबंधक पश्चिम रेलवे और 02 निजी व्यक्ति रिश्वतखोरी के अलग-अलग मामलों में पकड़ा है।
उप मुख्य सामग्री प्रबंधक मध्य रेलवे (मुख्यालय), मुंबई और ग्रेटर नोएडा (उत्तर प्रदेश) स्थित एक निजी कंपनी के दो निजी प्रतिनिधियों सहित अन्य के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। यह आरोप लगाया गया था कि ग्रेटर नोएडा (उत्तर प्रदेश) स्थित निजी कंपनी के एक प्रतिनिधि को अपने द्वारा प्रतिनिधित्व की जा रही पार्टियों को निविदाएं देने के लिए पश्चिम रेलवे के वरिष्ठ रेलवे अधिकारियों को नियमित रूप से रिश्वत देने का क्रम निरंतर जारी था।
यह भी आरोप लगाया गया कि उप मुख्य सामग्री प्रबंधक मध्य रेलवे, मुंबई ने निजी व्यक्ति (जो मध्य रेलवे के अधिकारियों के बीच मीडियेटर के रूप में कार्य कर रहा था) के माध्यम से ग्रेटर नोएडा (यूपी) स्थित उक्त निजी कंपनी से अवैध परितोषण की मांग की थी। ऐसे में सीबीआई ने मुंबई और विभिन्न निजी कंपनियों को सामग्री की खरीद व आपूर्ति के लिए उक्त कंपनी को निविदाएं देने के लिए जाल बिछाया गया।
मध्य रेलवे के उप मुख्य सामग्री प्रबंधक (इलेक्ट्रिकल) और पश्चिम रेलवे के उप मुख्य सामग्री प्रबंधक (कोचिंग) और वरिष्ठ सामग्री प्रबंधक को लगभग 70,500 रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया गया। इस दौरान निजी व्यक्तियों (रिश्वत देने वालों) को भी पकड़ा गया।

विभिन्न शहरों के परिसरों में मिले सबूत

आरोपियों के मुंबई सहित कोलकाता, ग्रेटर नोएडा, जमशेदपुर, अहमदाबाद और वडोदरा परिसर सहित लगभग 12 स्थानों पर तलाशी ली गई। जिसमें नकदी, संपत्तियों, निवेश और आभूषणों से संबंधित कागजात के अलावा अन्य आपत्तिजनक दस्तावेज व सामान बरामद हुए। सभी गिरफ्तार आरोपियों को आज सक्षम न्यायालय के समक्ष पेश किया जाएगा।

रेल मंडलों में भी होगी छानबीन

मामले में जोन से जुड़े सूत्र बताते है कि पश्चिम रेलवे जोन स्तर पर भ्रष्टाचार से जुड़े बड़े मामले उजागर होने से रेल मंत्रालय की साख प्रभावित हुई है। ऐसे में बोर्ड द्वारा रतलाम सहित जोन के अन्य रेल मंडल स्तर पर भी निविदाओं से जुड़े दस्तावेज तथा संबंधित पार्टियों को दिए जा रहे वर्क ऑर्डर की जल्दी ही सघनता से जांच करवाई जाएगी। दस्तावेज की अनियमितता पाई जाने पर संबंधित वरिष्ठ अधिकारियों पर कार्रवाई होगी। बल्कि घूस देकर मटेरियल सप्लाय के ऑर्डर पाने वाली फर्म व पार्टियों को भी ब्लेक लिस्टेड किया जाएगा।

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