Logo
ब्रेकिंग
​रतलाम में सनसनीखेज वारदात: रेलवे माल गोदाम रोड पर युवक को मारी गोली, प्रेम विवाह से जुड़ी रंजिश की ... रतलाम के राजबाग गरबा उत्सव में अनूठी पहल: 200 बालिका-महिलाओं को बांटी गईं तलवारें और वैदिक पुस्तकें मक्सी-पीर उमरोद रेल हादसा: साथियों की दर्दनाक मौत से सदमे में रेलकर्मी, सिसकियों में बयां किया ख़ौफ़ना... बजरंगगढ़ स्टेशन पर ऑइल भरी मालगाड़ी में लगी आग, हड़कंप संभव सांखला का बैडमिंटन में शानदार प्रदर्शन, राज्य स्तरीय प्रतियोगिता के लिए चयन 'पुरुष चंटीया रास' से सराबोर होगा पांडाल....रतलाम में नवयुवक सेवा समिति द्वारा तीन दिवसीय 'पुरुष चंट... गोवा एक्सप्रेस की चपेट में आई ट्रॉली हादसे में दूसरे ट्रॉलीमैन की भी मौत, सोशल मीडिया पर श्रद्धांजलि रेल मंडल में दूसरा ट्रेन हादसा....मक्सी स्टेशन के पास गोवा एक्सप्रेस की चपेट में आई रेलवे ट्रॉली, एक... सेजावता-बंजली क्रासिंग गेट हादसा: रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल, आज पीसीएसओ घटनास्थल क... ​रतलाम में ट्रेन और कार की टक्कर: सेजावत-बंजली बायपास रेलवे फाटक पर टला बड़ा हादसा, डीआरएम ने दिए उच्...

धरपकड़: यूनिफॉर्म पहने नकली कुली यात्रियों को ज्यादा कीमत पर दिला रहे टिकिट

-विजिलेंस ने की कार्रवाई, जांच में 19 कुली फर्जी निकले।
न्यूज़ जंक्शन-18
रतलाम। रेलवे स्टेशन पर फर्जी कुलियों का दबदबा है। वे यात्रियों के सामान उठाकर उनसे ज्यादा कीमत में टिकिट दिलाने का काम भी करने में जुटे है। विजिलेंस की धरपकड़ में ऐसा ही एक मामला उजागर हुआ।
पश्चिम रेलवे जोन के सूरत स्टेशन पर फर्जी वर्दीधारी कुलियों द्वारा आम यात्रियों को सामान उठाने एवं टिकट दिलाने के नाम पर ओवरचार्जिंग कर ठगने की सूचना विजिलेंस को मिली। इसके आधार पर 11 अक्टूबर 2023 को सूरत स्टेशन पर पश्चिम रेलवे की विजिलेंस टीम द्वारा छापामार कार्यवाही तो जमकर अनियमितता सामने आ गई।

40 कुलियों में 19 निकले फर्जी

विजिलेंस ने सूरत स्टेशन पर कुली की यूनिफार्म पहने सभी कुलियों को एक स्थान पर एकत्रित किया। सभी के अथॉरिटी लेटर, पहचान पत्र एवं बिल्ला नंबर जांचे गए। लगभग 35 से 40 कुलियों से पूछताछ की था उनके रिकार्ड खंगाले गए। तब कुल 19 कुली ऐसे पाए गए जिनके पास स्टेशन पर कुली का कार्य करने की कोई अधिकृत अनुमति नहीं थी। इनमें से अधिकतर कुलियों के पास ना तो कोई अधिकार पत्र व परिचय पत्र था। नहीं रेल प्रशासन द्वारा जारी किया गया कोई बिल्ला था। कुछ अनाधिकृत कुली ऐसे थे, जो उनके पिताजी के बिल्ले पर काम कर रहे थे। इनमें से भी एक कुली ऐसा पाया गया जिसको वड़ोदरा स्टेशन की अनुमति थी परंतु वो सूरत स्टेशन पर कार्य कर रहा था। सभी कुलियों के बयान विजिलेंस इंस्पेक्टर ने दर्ज कर किए तो उनके द्वारा यह स्वीकार किया कि वह बहुत समय से कुली की यूनिफार्म पहनकर सूरत स्टेशन पर कार्य कर रहे है। विजिलेंस जांच के बाद स्टेशन पर हड़कंप मच गया एवं सभी कुली इधर-उधर छुपते नजर आए।
अनाधिकृत कुलियों पर यह अब तक की सबसे बड़ी कार्यवाही मानी जा रही है। सभी 19 अनाधिकृत कुलियों को रेलवे अधिनियम, 1989 की प्रासंगिक धाराओं के अनुसार आगे की कार्रवाई के लिए आरपीएफ को सौंप दिया गया।

आरपीएफ़ की निगरानी पर सवाल

फर्जी कुलियों द्वारा सूरत स्टेशन पर अनधिकृत काम उजागर होने से रेलवे की सुरक्षा एजेंसी आरपीएफ़ की निगरानी पर सवाल उठने लगे हैं। सूरत वह बड़ा स्टेशन है, जहां मंत्रियों से लेकर महाप्रबंधक एवं मडंल रेल प्रबंधक का बार-बार आना जाना लगा रहता है। आरपीएफ़ की पोस्ट होने के बावजूद इतनी बड़ी संख्या में अनाधिकृत कार्य फ़र्जी कुलियों का संरक्षण दर्शाता है।

Leave A Reply

Your email address will not be published.