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अष्टविनायक में कुछ रहवासी नही दे रहे मासिक मेंटेनेंस, समिति सदस्यों ने कलेक्टर को सुनाई व्यथा

-वसूली के लिए शासकीय एजेंसी या अधिकारी नियुक्त करने की मांग की।

न्यूज़ जंक्शन-18
रतलाम। शहर में पॉश कॉलोनी कहे जाने वाली राजबाग-2 (अष्‍टविनायक‍ रेसिडेंसी) में मूलभूत सुविधा जुटाने व विकास कामों को अंजाम देने रहवासी समिति गठित है। विकास शुल्क से इसके खर्च की पूर्ति करनी होती है। लेकिन कॉलोनी के कुछ प्रबुद्ध लोग विकास शुल्क देने में आनाकानी कर रहे है। इससे पेयजल कनेक्शन कटने का खतरा मंडराने लगा है।
अष्‍टविनायक‍ रेसिडेंसी कल्याण संघ के सदस्यों द्वारा यह व्यथा जनसुनवाई के दौरान कलेक्टर को सुनाई। मांग की गई कि ऐसे सदस्यों से निपटने के लिए शासकीय एजेंसी नियुक्त करें या किसी अधिकारी को नियुक्त किया जाए।
समिति सदस्य देवेंद्र शर्मा, मनीष सिसोदिया, चेतन जोशी, अरविंद उपाध्याय, नरेंद्र दुबे, मनोहर सिंह देवड़ा, मनीष रावल, पीयूष जड़िया, अमित गोस्वामी, प्रभुलाल मेहता व किशन जोहरी मौजूद रहे।
इन्होंने कलेक्टर से कहा कि यह कॉलोनी वर्ष 2019 के कॉलोनी एक्ट संशोधन के बाद विकसित हुई है। इसका रखरखाव का काम समिति को ही करना है। फिलहाल कॉलोनी द्वारा नियुक्त एजेंसी को हर माह मेंटेनेंस चार्ज दिया जाता है। इस राशि से एजेंसी द्वारा पेयजल सहित बगीचों का रखरखाव व अन्य सुविधाएं जुटाई जा रही है। कुछ माह से कॉलोनी के कुछ सदस्यों द्वारा यह राशि नही दी जा रही है। इससे कॉलोनी में पेयजल के लिए बल्क कनेक्शन कटने व आपूर्ति बंद होने की नौबत आ गई है। ऐसे में नगर निगम स्वयं मेंटेनेंस वसूली का जिम्मा हाथ में लें या किसी अधिकारी को इस काम के लिए नियुक्त किया जाए। सदस्यों ने कलेक्टर से मप्र प्रकोष्ठ स्वामित्व नियम का हवाला देते हुए मामले में दखल देने का अनुरोध किया।

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