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कोच गाइडेंस डिस्प्ले बेपटरी: ऐसी के बजाय दिखे स्लीपर कोच, यात्रियों में मची अफरा-तफरी

शनिवार सुबह को जबलपुर-सोमनाथ ट्रेन के रतलाम स्टापेज पर लापरवाही।
-प्लेटफॉर्म पर आगे से पीछे भागते रहे महिला, बच्चे व बुजुर्ग यात्री।

न्यूज़ जंक्शन-18
रतलाम। जबलपुर-सोमनाथ एक्सप्रेस शनिवार को सुबह रतलाम प्लेटफॉर्म पर ठहरी। वैसे ही यात्रियों में भागमभाग व अफरा-तफरी मच गई। यह सब स्टेशन डयूटी पर तैनात कर्मचारी द्वारा कोच गाइडेंस गलत चलाने से हुआ। इस लापरवाही का खामियाजा रतलाम से ट्रेन में चढ़ने वाले दर्जनों यात्रियों को उठाना पड़ा। दरअसल कोच गाइडेंस में ऐसी कोच के स्थान पर स्लीपर कोच की जानकारी दर्शाने से यात्री असमंजस में पड़ गए। यात्रियों की कोच पकड़ने में सांसे फुल गई।


मालूम हो यात्रियों की सुविधा के लिए प्लेटफॉर्म पर कोच गाइडेंस डिस्प्ले लगे है। ट्रेन आने की लाइन होने के साथ हो अलग-अलग कोच के खड़े रहने की जानकारी डिस्प्ले पर दर्शाई जाती है। इसके मान से यात्री ट्रेन आने से पहले ही अपने कोच के सामने खड़े होते है।

2.50 घंटे लेट ट्रेन, ऊपर से लापरवाही

ट्रेन संख्या 11466 जबलपुर-सोमनाथ ट्रेन अपने निर्धारित समय 1.55 बजे से करीब 2.30 घंटे देरी से रतलाम पहुंची। ट्रेन प्लेटफॉर्म नंबर 4 पर आने के कोच गाइडेंस पर भी संकेत हुए। इसमें नियमित स्टापेज से उल्टे स्लीपर के सारे कोच आगे व ऐसी कोच पीछे खड़े होने की जानकारी दर्शाई गई। इसके मान से यात्री चलते हुए कोच के स्थान पर पहुंचे। लेकिन ट्रेन ठहरते ही कोच गाइडेंस डिस्प्ले की जानकारी बदल दी गई। ट्रेन का सीमित स्टापेज को देखते यात्रियों को भागते हुए आगे से पीछे और पीछे से आगे आना पड़ा। 75 वर्षीय यात्री वीसी जोशी ने बताया कि कोच खड़े रहने की जानकारी गलत देने से सभी यात्री आगे से पीछे भागते रहे। वह भी बड़ी मुश्किल से अपने कोच तक पहुंच सके। मामले में रेलवे पीआरओ खेमराज मीणा का कहना है कि मामले की जानकारी ली जाएगी।

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