भ्रष्टाचार मामलों में जीरो टॉलरेंस पर सरकार का कड़ा रुख…रतलाम रेल मंडल में बेअसर, जीएम को संज्ञान में लाएंगी संघर्ष समिति
न्यूज़ जंक्शन-18
रतलाम। भ्रष्टाचार को लेकर भाजपा की केंद्र सरकार जीरो टॉलरेंस पर काम कर रही है। बावजूद रतलाम रेल मंडल में इसका असर नहीं है। इसे लेकर रतलाम मंडल रेल संघर्ष समिति द्वारा पश्चिम रेलवे महाप्रबंधक को संज्ञान में लाकर ज्ञापन सौंपा जाएगा।
बता दें कि 17 दिसंबर को पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक विवेक गुप्ता का रतलाम मंडल वार्षिक निरीक्षण प्रस्तावित है। समिति द्वारा उनका स्वागत कर रेलवे से संबंधित कई सुविधाओं की मांग भी की जाएगी।
समिति के सदस्य विकास कोठारी व यतेंद्र भारद्वाज ने बताया कि रतलाम मंडल में कई मामलों में अनियमितता व्याप्त है। विशेष तौर पर वाणिज्य विभाग में अनदेखी पर जिम्मेदारों का ध्यान नहीं है। जीएम से कार्यवाही की मांग की जाएगी।
बताया गया कि राष्ट्रीय विचारों वाली ट्रिपल इंजन सरकार के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व रेल मंत्री अश्विन वैष्णव भ्रष्टाचार के मामले में जीरो टॉलरेंस पर कार्य कर रहे हैं। दुर्भाग्य है कि रतलाम मंडल के वाणिज्य विभाग में जिम्मेदारों की मिलीभगत से भ्रष्टाचार हो रहा है। लैंड फॉर जॉब में घिरे कर्मचारी को प्रमुख पदों पर बिठाया गया। विजिलेंस जांच के बावजूद भी उन्हें उनके पद से बेदखल नहीं किया गया।
रतलाम मंडल में ऐसे कर्मचारी जिनके ऊपर पुलिस विभाग में प्रकरण दर्ज है। उन्हें भी विभाग के महत्वपूर्ण पदों पर बिठाया गया है। भाजपा से जुड़े जनप्रतिनिधियों की अनेक अवसरों पर अवहेलना की जा रही है। अनुसूचित जाति जनजाति वर्ग के कर्मचारियों को अकारण परेशान किया जा रहा है।
रतलाम मंडल में आने वाले चित्तौड़गढ़ हेड क्वार्टर को भी लगभग खत्म किया जा रहा हैं।
रतलाम रेल संघर्ष समिति के कोठारी, भारद्वाज के अलावा मनीष शर्मा, सौरभ शर्मा, अभिषेक पटेल, महेश अग्रवाल, लोकेश जोशी आदि पदाधिकारी के साथ सैकड़ों की संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहकर ज्ञापन देंगे।
