रतलाम में घटना को अंजाम देने की तैयारी थी…बहन रेहाना की शरण में छिपे आतंकी को पकड़ने गई पुलिस टीम से झुमाझपटी की, आखिर दबोच लिया
-खूंखार अलसुफा संगठन का खजांची था आतंकी फिरोज, संगठन का संस्थापक सदस्य भी।
न्यूज जंक्शन-18
रतलाम। बीती रात पुलिस द्वारा पकड़े गए आतंकी फिरोज उर्फ सब्जी पिता फकीर मोहम्मद (48) अलसुफा संगठन के प्रमुख पांच संस्थापक सदस्यों में से एक था। बल्कि यह इस संगठन का खजांची भी था। जयपुर ब्लॉस्ट की शाजिश में कुल 11 सदस्यों के पकड़े जाने के बाद एआईए को इसकी तलाश थी। पुलिस को सूचना मिली थी कि यह फिरोज रतलाम में भी कोई घटना को अंजाम देने वाला है। साथ ही रतलाम में ही यह शरण लिए हुए है। मुखबिर सूचना पर इसे आनंद कॉलोनी स्थित बहन के यहां से पकड़ा। पहले इसने पुलिस टीम से झूमाझटकी की, खुद को छुड़ाने के प्रयास भी किया। लेकिन इसे दबोच लिया गया।
इसकी गिरफ्तारी के बाद एसपी अमित कुमार ने बुधवार को पुलिस कंट्रोल रूम में पत्रकारवार्ता में आतंकी फिरोज के नेटवर्क के बारे में जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि 30.03.22 को थाना निंबाहेड़ा राजस्थान पुलिस द्वारा चेकिंग के दौरान एक संदिग्ध कार MP 43 CA 7091 को रोककर तलाशी ली। तब उसमें तीन व्यक्ति जुबेर पिता फकीर मोहम्मद पठान, सैफुल्ला उर्फ सैफ खान पिता रमजानी अली एवं अल्तमश पिता बशीर खां तीनों निवासी रतलाम को विस्फोटक एवं बम बनाने मे प्रयुक्त होने वाला टायमर, सेल, वायर सहित अन्य सामग्री के साथ पकड़ा था।
पूछताछ के दौरान तीनों व्यक्ति खूंखार अलसुफा नामक संगठन से जुड़े थे। जिन्होंने अपने संगठन सुफा के अन्य 8 सदस्यों आमीन फावड़ा, आमीन हाजी, मजहर उर्फ छोटू, इमरान पठान, यूनुस साकी, इमरान मटका, आकिब महाराष्ट्र एवं फिरोज उर्फ सब्जी के साथ उक्त विस्फोटक पदार्थ के द्वारा जयपुर में सीरियल ब्लास्ट कर आतंकी घटना को अंजाम देने की साजिश रची थी। थाना निंबाहेड़ा पुलिस द्वारा अपराध क्रमांक 150/22 धारा 4,5,6 विस्फोटक पदार्थ अधिनियम एवं धारा 13, 15, 16, 18 एवं 20 UAPA के तहत पंजीबद्ध किया गया।
उक्त मामला अंतरराज्यीय होने पर एनआईए द्वारा प्रकरण क्रमांक 18/2022/NIA/DLI दर्ज किया गया। प्रकरण में एनआईए एवं राजस्थान पुलिस द्वारा 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। 11वां आरोपी फिरोज उर्फ सब्जी जो अलसुफा संगठन के प्रमुख 5 संस्थापक सदस्यों में से एक था। इसके पास संगठन के खजांची का पद था तथा फरार चल रहा था। पुलिस द्वारा लगातार तलाश की जा रही थी। इसकी गिरफ्तारी पर एन आई ए द्वारा 05 लाख रुपए के इनाम की उद्घोषणा की गई थी।
इधर, रतलाम में अलसुफा संगठन एवं विधि विरुद्ध गतिविधियों पर मुखबिर तंत्र सक्रिय कर कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए गए थे। 02 अप्रैल 25 को मुखबिर द्वारा सूचना प्राप्त हुई कि निंबाहेड़ा के अपराध क्रमांक 150/22 एवं एनआईए के प्रकरण क्रमांक 18/2022/NIA/DLA ka 5 लाख रुपए का उदघोषित इनामी वांटेड आरोपी फिरोज रतलाम शहर में गंभीर घटना के उद्देश्य से आया हुआ है।
मुखबिर सूचना की तस्दीक के लिए पुलिस अधीक्षक के निर्देशन पर 4 अलग-अलग टीम बनाकर शहर में खोजबीन शुरू की गई। फरार आरोपी के छिपने के संभावित ठिकानों के आसपास पुलिस टीम द्वारा गोपनीय तरीके से सर्चिंग करते हुए मुखबिर सक्रिय किए गए।
कटऑफ व स्ट्राईकिंग टीम ने की सर्चिंग:-एसपी के मुताबिक 2 दिन के लगातार प्रयास के बाद मुखबिर के माध्यम से सूचना प्राप्त हुई कि वांटेड आरोपी फिरोज उसकी बहन रेहाना निवासी आनंद कॉलोनी के घर छिपा हुआ है।
रतलाम पुलिस की 02 टीम अलग से बनाई गई। पहली कट ऑफ टीम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश खाखा के नेतृत्व में तथा दूसरी स्ट्राइकिंग टीम नगर पुलिस अधीक्षक जावरा दुर्गेश आमों के नेतृत्व में बनाई गई। पुलिस अधीक्षक द्वारा उक्त उद्घोषित आरोपी की गिरफ्तारी के दौरान संभावित खतरे के संबंध में विस्तृत रूप से बीफ्रिंग कर टीम के साथ मुखबिर के बताए स्थान आनंद कॉलोनी रवाना हुए। वहां रेहाना के निवास के समीप पहुंचकर ब्रीफिंग अनुसार कट ऑफ टीम के सदस्यों अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश खाखा के नेतृत्व में रक्षित निरीक्षक मोहन भर्रावत, कार्य.निरी. नीलम चौंगड़, निरीक्षक संदीप तोमर, सुबेदार मोनिका चौहान, उनि जे.आर. जामोद, सउनि रमेश थुरेचा, सउनि भंवरसिंह भूरिया आदि द्वारा घेराबंदी की गई। योजना अनुसार स्ट्राईकिंग टीम के सदस्यों नगर पुलिस अधीक्षक जावरा दुर्गेश आर्मो, उनि सत्येन्द्र रघुवंशी, सउनि संतोष अग्नीहोत्री, का़.प्र.आर. 67 राहुल जाट, का.प्र.आर.447 हिमाशु यादव, का.प्र.आर. 650 शैलेश ठकराल, आरक्षक 218 विपुल भावसार, आरक्षक 352 शिवराम मोर्य, आरक्षक 556 कुलदीप व्यास के द्वारा निवास स्थल पर पहुंचकर तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान आरोपी फिरोज द्वारा उनि सत्येंद्र रघुवंशी और प्रधान आरक्षक राहुल जाट के साथ झुमा झटकी कर छुड़ाकर भागने का प्रयास किया। जिसे काफी मशक्कत के बाद नियंत्रण में लेकर गिरफ्तार किया गया। उक्त मामले में थाना स्टेशन रोड पर प्रकरण पंजीबद्ध किया जाकर अग्रिम कारवाई की जा रही है।